अविश्वास प्रस्ताव की परीक्षा में ममता पास
ग्राम पंचायत पीपल्या में सरपंच के खिलाफ आया था अविश्वास प्रस्ताव

हृदयभूमि, हरदा।
ग्राम पंचायत पीपल्या में सरपंच श्रीमती ममता वल्लभ गौर के खिलाफ लाया गया प्रस्ताव एक मत के अंतर से गिर गया है। जबकि एक वोट अमान्य और एक पंच वोट डालने नहीं आए। इस तरह सरपंच ममता गौर की एकतरफा जीत हुई। यूं भी ग्राम पंचायत के नियमानुसार जनता द्वारा सीधे चुने गए सरपंच को हटाने के लिए पंचायत में दो तिहाई से अधिक मतों की आवश्यकता होती है। इस तरह 20 पंचों वाली पंचायत में सरपंच को हटाने के लिए विपक्ष को न्यूनतम 15 से अधिक पंचों का समर्थन मिलना आवश्यक है। इस मान से सरपंच श्रीमती ममता वल्लभ गौर के पक्ष में 10 और विपक्ष के अविश्वास प्रस्ताव के लिए मात्र 9 वोट मिले। और ममता की एकतरफा जीत इस वोटिंग में भी हो गई।
हम हर परीक्षा में पास हुए, पंचायत में विकास नहीं रुकेगा – ममता
पंचायत में लाए गए अविश्वास प्रस्ताव में पूरे समय अविचलित रही सरपंच ममता वल्लभ गौर को मिले समर्थन और प्रस्ताव के गिरने से भवन के बाहर समर्थकों में जश्न का माहौल बन गया। जीत के बाद बाहर नीम की छांव तले ममता गौर ने मीडिया को बड़ी बेबाकी से जवाब दिए। उन्होंने कहा कि घर-परिवार की तरह पंचायत को संभालते हुए हमने यहां अनेक काम किए। मगर विपक्ष ने हमारे कार्यों में अड़ंगा लगाकर हाईकोर्ट तक अपील की। हर जगह हार मिलने के बाद मेरे खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लेकर आए। इसमें भी पंचों और मेरी जनता ने हरी झंडी दिखाकर मुझे आगे काम करने का आदेश सुना दिया। मेरी पंचायत में अब विकास नहीं रुकेगा, यह मेरा यहां की जनता से वादा है।
पंचायत में निकला विजयी जुलूस-
पीठासीन अधिकारी तहसीलदार की उपस्थिति में पंचों के मतदान पश्चात जीत से खुश होकर भवन से बाहर निकली सरपंच ममता गौर का सम्मान करने को समर्थकों ने पुष्पहार पहनाकर अगवानी की। ढोल-ढमाके के साथ सभी ने नाचते हुए लोगों को मिठाई खिलाकर अपनी खुशी जताई। इसके बाद एक वाहन में बैठाकर उन्हें पंचायत के मुख्य मार्गों से ले जाकर सभी जनता का आभार माना।
