राजनीति : शत-प्रतिशत सही हृदयभूमि की भविष्यवाणी, तो आ गए राजेश काका
प्रदेश भाजपा ने हाईकमान की सहमति से की नए जिलाध्यक्ष की घोषणा

प्रदीप शर्मा संपादक/
अंततः भाजपा जिलाध्यक्ष के चुनाव में वही हुआ जिसका आकलन हमारी वेबसाइट हृदयभूमि 24 पर एक सप्ताह पहले ही कर लिख दिया था – *तो आ गए हमारे राजेश काका*। हमारी यह घोषणा कोई तीर-तुक्का नहीं थी, जबकि होड़ में प्रदीप गौर जैसे सशक्त दावेदार थे। वहीं युवा नेताओं में लोकप्रिय सिद्धार्थ पचौरी जैसे सक्रिय नेता।
मगर श्री पचौरी के मैदान से हटने के बाद राजेश काका, प्रदीप गौर और जगदीश सौलंकी के नाम ही प्रदेश आलाकमान को भेजे गए। लेकिन अंतिम समय में काका और गौर का नाम ही होड़ में बना रहा। इसे देखते हुए इन पर केंद्रीय आलाकमान की सहमति लेने के बाद घोषणा की गई है।

मीडिया में चल रही थी अफवाहें –
राजेश काका के एक बार फिर चुने जाने के पीछे चौकाने वाले अनेक कारण हो सकते हैं, वह भी तब जब मीडिया जगत में कतिपय खबरें यह भी सामने आ रही थीं कि विधानसभा चुनाव में हरदा सीट पर हार के बाद काका और पूर्व मंत्री कमल पटेल के बीच कुछ मुटाव है। मगर कमल खेल युवा महोत्सव के शुभारंभ कार्यक्रम में परोक्ष रूप से श्री पटेल ने इसका जिक्र किए बिना संकेत दे दिया कि ये बातें हवा-हवाई हैं।
हाईकमान ने की घोषणा –

बहरहाल प्रदेश आलाकमान के प्रवक्ता भगवान दास सबनानी ने हरदा के नए जिलाध्यक्ष के रूप में काका के नाम की घोषणा कर ऐसी सभी अफवाहों पर विराम लगा दिया है। यहां माना जा रहा है कि ग्रामीण अंचल में लोकप्रिय नेता प्रदीप गौर को अन्य महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी जा सकती है, ताकि एक साथ शहरी और ग्रामीण क्षेत्र में संतुलन बनाया जा सके।
